कांगड़ा: दादी की अस्थियां विसर्जित करने जा रहे 10 वर्षीय बच्चे की सड़क हादसे में मौत परिवार में पसरा मातम
कांगड़ा: दादी की अस्थियां विसर्जित करने जा रहे 10 वर्षीय बच्चे की सड़क हादसे में मौत परिवार में पसरा मातम
हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा जिले से एक बेहद दुखद खबर सामने आई है। दादी की अस्थियां विसर्जित करने के लिए परिवार के साथ हरिद्वार जा रहे 10 साल के बच्चे की सड़क हादसे में दर्दनाक मौत हो गई। महज दस दिनों के भीतर एक ही परिवार में दो मौतों ने सभी को झकझोर कर रख दिया है।
जानकारी के अनुसार, पालमपुर शहर निवासी कपिल अरोड़ा की माता का हाल ही में निधन हुआ था। धार्मिक परंपराओं के अनुसार परिवार उनकी अस्थियां विसर्जित करने के लिए निजी वाहन से हरिद्वार जा रहा था। इसी दौरान हरियाणा के यमुनानगर से आगे उत्तर प्रदेश सीमा के पास यमुनानगर पुल के समीप यह हादसा पेश आया।
बताया जा रहा है कि कपिल अरोड़ा का 10 वर्षीय बेटा वाहन की अगली सीट पर बैठा था। तभी पीछे से तेज रफ्तार में आ रहे एक ट्रक ने कार को जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि कार का दरवाजा खुल गया और बच्चा संतुलन खोकर सड़क पर गिर पड़ा। दुर्भाग्यवश वह ट्रक की चपेट में आ गया और उसकी मौके पर ही मौत हो गई।
हादसे के बाद घटनास्थल पर अफरा-तफरी मच गई। परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा। जिस मासूम को दादी की अस्थियां विसर्जित करने ले जाया जा रहा था, वही हमेशा के लिए परिवार से बिछड़ गया।
परिजनों के अनुसार बच्चे का अपनी दादी से गहरा लगाव था। दादी के निधन के बाद से वह गुमसुम रहने लगा था। बच्चे का अंतिम संस्कार पालमपुर में किया गया, जहां भारी संख्या में रिश्तेदार, परिचित और स्थानीय लोग मौजूद रहे। पूरे क्षेत्र में शोक का माहौल बना हुआ है।
यह दर्दनाक हादसा न केवल एक परिवार की खुशियां उजाड़ गया, बल्कि सड़क सुरक्षा और भारी वाहनों की लापरवाही पर भी गंभीर सवाल खड़े करता है।