मंडी: आंगनबाड़ी कार्यकर्ता के यौन शोषण का आरोप अश्लील तस्वीरें वायरल करने की धमकी से दहला मामला
मंडी: आंगनबाड़ी कार्यकर्ता के यौन शोषण का आरोप अश्लील तस्वीरें वायरल करने की धमकी से दहला मामला
हिमाचल प्रदेश में महिलाओं और युवतियों के खिलाफ यौन शोषण के मामलों में लगातार इजाफा देखने को मिल रहा है। प्रदेश में शायद ही कोई दिन ऐसा गुजरता हो, जब दुष्कर्म, उत्पीड़न या ब्लैकमेलिंग का कोई नया मामला सामने न आता हो। इसी कड़ी में अब मंडी जिले से एक गंभीर और चिंताजनक मामला सामने आया है, जिसने समाज को झकझोर कर रख दिया है।
मामला मंडी जिले के सुंदरनगर क्षेत्र का है, जहां एक आंगनबाड़ी कार्यकर्ता ने एक युवक पर करीब दो वर्षों तक शारीरिक शोषण करने और अब अश्लील तस्वीरें सोशल मीडिया पर वायरल करने की धमकी देने का आरोप लगाया है। पीड़िता ने इस संबंध में बीएसएल कॉलोनी थाना में शिकायत दर्ज करवाई है।
पीड़िता के अनुसार, वह सुंदरनगर स्थित बीएसएल कॉलोनी थाना क्षेत्र में आंगनबाड़ी कार्यकर्ता के रूप में कार्यरत है। करीब दो साल पहले उसकी पहचान फगवाओं निवासी एक युवक से हुई थी। बातचीत के दौरान युवक ने प्रेम का दिखावा कर उसका विश्वास जीत लिया। महिला का आरोप है कि इसी भरोसे का फायदा उठाकर आरोपी ने लंबे समय तक उसका यौन शोषण किया।
महिला ने पुलिस को बताया कि पिछले वर्ष वह आरोपी युवक के साथ मनाली भी गई थी। कुछ समय वहां साथ रहने के बाद वह वापस सुंदरनगर लौट आई। इसके बाद महिला ने उससे दूरी बनानी शुरू कर दी और संपर्क बंद कर दिया। इसी बात से नाराज होकर आरोपी ने अलग-अलग मोबाइल नंबरों से कॉल कर उसे परेशान करना शुरू कर दिया।
पीड़िता का आरोप है कि अब आरोपी उसे धमकियां दे रहा है कि यदि उसने उससे दोबारा संपर्क नहीं किया, तो उसकी निजी और आपत्तिजनक तस्वीरें सोशल मीडिया पर वायरल कर दी जाएंगी। लगातार मिल रही धमकियों और मानसिक दबाव के कारण वह काफी समय तक चुप रही, लेकिन उत्पीड़न बढ़ने पर उसने पुलिस की शरण ली।
बीएसएल कॉलोनी थाना पुलिस ने पीड़िता की शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस का कहना है कि मामले की हर पहलू से गंभीरता से जांच की जा रही है और डिजिटल साक्ष्यों की भी पड़ताल की जाएगी।
यह मामला केवल एक महिला की पीड़ा नहीं, बल्कि समाज के लिए एक गंभीर चेतावनी है। हाल के वर्षों में ऐसे कई मामले सामने आए हैं, जहां झूठे प्यार और भावनात्मक सहारे के नाम पर महिलाओं को फंसाकर उनका शोषण किया जाता है और बाद में ब्लैकमेल किया जाता है। पुलिस ने महिलाओं से अपील की है कि किसी भी प्रकार की धमकी, उत्पीड़न या ब्लैकमेलिंग की स्थिति में डरने के बजाय तुरंत पुलिस से संपर्क करें। कानून पीड़ित के साथ है और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।