हिमाचल

हिमाचल में 10वीं की छात्रा हुई गर्भवती घर से भगा ले गया था युवक

झूठे प्यार के वादेए भरोसे का छल और फिर जिंदगी भर का दर्दण्ण्ण्  हिमाचल प्रदेश में अब छोटी उम्र की लड़कियां झूठे प्रेम जाल में फंसकर गर्भवती हो रही हैं। शातिर युवक इन लड़कियों को अपने झूठे प्यार के जाल में फांस रहे हैं और फिर उनके साथ शारीरिक संबंध बनाकर उनकी जिंदगी बर्बाद कर रहे हैं। ऐसा ही एक गंभीर और झकझोर देने वाला मामला शिमला जिले से सामने आया है। शिमला जिला में एक 10वीं की छात्रा गर्भवती पाई गई है।

छात्रा से हुआ बार-बार दुष्कर्म

दरअसल शिमला जिले के रोहड़ू उपमंडल में दसवीं कक्षा में पढ़ने वाली 16 वर्षीय किशोरी के साथ लंबे समय तक यौन शोषण का मामला उजागर हुआ है। जिसके चलते लड़की गर्भवती हो गई। बड़ी बात यह है कि 16 साल की इस लड़की को एक युवक करीब 11 माह पहले बहला फुसला कर अपने साथ ले गया था। परिवार ने उसकी काफी तलाश की लेकिन उसका कहीं पता नहीं चला। इसी बीच दो दिन पहले परिवार को अचानक फोन पर सूचना मिली कि उनकी बेटी शिमला जिला के कमला नेहरू अस्पताल में है और वह गर्भवती है।पीड़िता के पिता ने इस संबंध में पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। उन्होंने बताया कि उनकी पांच बेटियां हैं और पीड़िता उनकी 16 वर्षीय बेटी है, जो कक्षा 10वीं में पढ़ती है। शिकायत के अनुसार जनवरी 2025 में नाबालिग बेटी बिना परिवार को बताए घर से चली गई थी। जिसके बाद से उसका कोई पता नहीं चला। पीड़िता के पिता के अनुसार 11 दिसंबर को उन्हें फोन के माध्यम से पता चला कि उनकी बेटी कमला नेहरू अस्पताल में भर्ती है।सूचना मिलने के बाद वह 12 दिसंबर को अस्पताल पहुंचे तो पता चला कि उनकी बेटी पेट दर्द की शिकायत लेकर अस्पताल पहुंची थी, जहां पर जांच करने पर वह गर्भवती पाई गई। शिकायतकर्ता का आरोप है कि चिड़गांव निवासी अंकित ने उनकी नाबालिग बेटी को बहला.फुसलाकर अपने साथ ले गया और उसे जबरन शारीरिक संबंध बनाने के लिए मजबूर किया। बार.बार हुए दुष्कर्म के कारण किशोरी गर्भवती हो गई।

पीड़िता की उम्र 18 वर्ष से कम होने के कारण यह मामला कानून के तहत अत्यंत गंभीर अपराध की श्रेणी में आता है।पिता की शिकायत पर चिड़गांव थाना पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। उसके खिलाफ भारतीय न्याय संहिता ;ठछैद्ध की धारा 64 और 96 तथा पोक्सो अधिनियम की धारा 6 के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस अधिकारियों के अनुसारए आरोपी को रिमांड के लिए अदालत में पेश किया जाएगा और मामले से जुड़े सभी पहलुओं की गहन जांच जारी है।यह मामला हिमाचल प्रदेश में तेजी से उभर रही उस खतरनाक प्रवृत्ति की ओर इशारा करता हैए जहां शातिर युवक छोटी उम्र की लड़कियों को झूठे प्यार के जाल में फंसाकर उनका शोषण कर रहे हैं। कम उम्र में गर्भवती होने की घटनाएं न केवल पीड़िताओं के भविष्य को अंधकार में धकेल रही हैं, बल्कि परिवार और समाजकृदोनों को गहरे मानसिक और सामाजिक संकट में डाल रही हैं।

Spread the love

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *