हिमाचल प्रदेश के मंडी जिले से एक गंभीर और चौंकाने वाला मामला सामने आया
मंडी (हिमाचल प्रदेश):
हिमाचल प्रदेश के मंडी जिले से एक गंभीर और चौंकाने वाला मामला सामने आया है। छोटी काशी के नाम से पहचाने जाने वाले मंडी जिला के नाचन विधानसभा क्षेत्र के धनोटू गांव में एक सैलून की आड़ में कथित रूप से अनैतिक गतिविधियां संचालित किए जाने का खुलासा हुआ है। इस घटना के सामने आते ही इलाके में सनसनी फैल गई है।
सैलून की आड़ में संदिग्ध गतिविधियों का आरोप
जानकारी के अनुसार, धनोटू गांव में संचालित एक सैलून में बाहर से आई कुछ युवतियों को प्रशिक्षण और रोजगार का झांसा दिया जा रहा था। आरोप है कि प्रशिक्षण के बहाने उन्हें वहां रोका जाता था और बाद में दबाव व ब्लैकमेलिंग के जरिए अनैतिक गतिविधियों में धकेलने का प्रयास किया गया।
मामला उस समय उजागर हुआ जब सैलून में ट्रेनिंग के लिए आई एक युवती ने घर लौटने की इच्छा जताई, लेकिन सैलून संचालकों द्वारा उसे जबरन रोकने की कोशिश की गई।
मकान मालिक की सतर्कता से बचीं युवतियां
सैलून परिसर में संदिग्ध गतिविधियों की जानकारी मिलते ही मकान मालिक ने सतर्कता दिखाते हुए तत्काल हस्तक्षेप किया। उन्होंने सैलून संचालकों को एक कमरे में रोका और युवतियों को सुरक्षित बाहर निकालकर स्थानीय लोगों को इसकी सूचना दी। मकान मालिक की सजगता से न केवल युवतियां सुरक्षित रहीं, बल्कि कथित तौर पर चल रहे इस नेटवर्क का भी पर्दाफाश हो सका।
घटना की खबर फैलते ही धनोटू और आसपास के क्षेत्रों से बड़ी संख्या में लोग मौके पर पहुंच गए। सैलून के बाहर विरोध प्रदर्शन और नारेबाजी शुरू हो गई। ग्रामीणों का कहना है कि समय रहते कार्रवाई न होती तो कई युवतियों का भविष्य खतरे में पड़ सकता था।
स्थिति को बिगड़ने से रोकने के लिए स्थानीय लोगों और मकान मालिक ने संयम बरतते हुए आरोपितों को सुरक्षित पुलिस के हवाले करने की मांग की, ताकि कानून व्यवस्था प्रभावित न हो।
पुलिस जांच में जुटी
सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और सैलून संचालकों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी। पुलिस उनके संपर्कों, वित्तीय लेन-देन और पूर्व गतिविधियों की गहन जांच कर रही है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले की निष्पक्ष जांच की जा रही है और यदि आरोप सही पाए जाते हैं तो दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।