हिमाचल में दो युवकों की मौ*त
हिमाचल प्रदेश के हमीरपुर जिले में बीते 48 घंटों के भीतर हुई दो रहस्यमयी मौतों ने पूरे क्षेत्र को झकझोर कर रख दिया है। दोनों ही मामलों में युवाओं की अचानक मौत हुई है, जिससे न केवल परिवारों में मातम पसरा है बल्कि इलाके में डर और चिंता का माहौल भी बन गया है। प्रारंभिक तौर पर इन घटनाओं के पीछे नशे की ओवरडोज की आशंका जताई जा रही है।
पहली घटना: ड्यूटी से लौटते समय युवक की मौत
पहला मामला मंगलवार शाम का है। बजूरी क्षेत्र के रहने वाले 25 वर्षीय दिव्यांश, जो एक स्कूल में सुरक्षा गार्ड के रूप में कार्यरत थे, ड्यूटी खत्म कर घर लौट रहे थे। इसी दौरान सलासी के पास वे अचानक बेहोशी की हालत में मिले।
स्थानीय लोगों ने तुरंत उन्हें हमीरपुर मेडिकल कॉलेज पहुंचाया, लेकिन डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
इस दुखद खबर से परिवार पर पहाड़ टूट पड़ा। बेटे की मौत का सदमा उसकी मां सहन नहीं कर पाईं और उन्होंने जहरीला पदार्थ खाकर आत्महत्या का प्रयास किया। हालांकि, समय रहते परिजनों ने उन्हें अस्पताल पहुंचाया, जहां अब उनकी हालत स्थिर बताई जा रही है।
दूसरी घटना: सार्वजनिक शौचालय में मिला शव
पहली घटना का सदमा अभी कम भी नहीं हुआ था कि बुधवार दोपहर एक और युवक का शव मिलने से सनसनी फैल गई। भोटा चौक स्थित सार्वजनिक शौचालय में एक युवक अचेत अवस्था में पाया गया।
बाद में उसकी पहचान बिझड़ी क्षेत्र के करहा गांव निवासी शशिकांत के रूप में हुई। स्थानीय लोगों की मदद से उसे भी अस्पताल पहुंचाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
उठ रहे हैं कई सवाल
लगातार दो दिनों में दो युवाओं की इस तरह हुई मौतों ने कई गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। दोनों ही मामलों में युवक कम उम्र के थे और संदिग्ध परिस्थितियों में अचेत अवस्था में पाए गए।
पुलिस ने दोनों मामलों में केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि मौत के असली कारणों का पता पोस्टमार्टम और विसरा रिपोर्ट आने के बाद ही चल सकेगा।
नशे के बढ़ते खतरे पर चिंता
स्थानीय लोगों ने क्षेत्र में बढ़ते नशे के कारोबार पर गहरी चिंता जताई है। उनका मानना है कि ये घटनाएं युवाओं में फैल रही नशे की लत का खतरनाक संकेत हो सकती हैं।
प्रशासन भी अब इस पहलू की गंभीरता से जांच कर रहा है कि क्या दोनों घटनाएं आपस में जुड़ी हुई हैं।
समाज के लिए चेतावनी
ये दोनों घटनाएं समाज के लिए एक गंभीर चेतावनी हैं कि नशा किस तरह युवाओं की जिंदगी को खत्म कर रहा है। अब जरूरत है सख्त कार्रवाई और जागरूकता की, ताकि ऐसी घटनाओं को रोका जा सके।