हिमाचल

गहरी खाई में गिरी कार पिता और 7 वर्षीय बेटे की मौके पर मौ**त

हिमाचल प्रदेश में सड़क हादसों का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है। पहाड़ी रास्तों पर जरा सी चूक किस तरह पूरे परिवार को तबाह कर सकती है, इसका दर्दनाक उदाहरण सिरमौर जिले के शिलाई में देखने को मिला है। यहां एक कार अनियंत्रित होकर करीब 100 मीटर गहरी खाई में जा गिरी। हादसे में पिता और उसके महज 7 साल के बेटे की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि 10 साल की बेटी रातभर लापता रही। गनीमत रही कि सोमवार सुबह बच्ची दूसरे गांव के एक खेत में सुरक्षित मिल गई। दिवाली से ठीक पहले हुए इस हादसे ने पूरे इलाके को गमगीन कर दिया है।

100 मीटर गहरी खाई में समा गई कार

जानकारी के मुताबिक, यह दर्दनाक हादसा रविवार देर रात शिलाई-रोहनाट सड़क पर भटनोल के समीप हुआ। तहसील कार्यालय शिलाई में कार्यरत सोहन सिंह अपने बेटे और बेटी के साथ निजी कार में कामोटा से शिलाई की ओर जा रहे थे। इसी दौरान भटनोल के पास अचानक कार चालक वाहन से नियंत्रण खो बैठा और कार सड़क से फिसलकर करीब 100 मीटर गहरी खाई में जा गिरी।

हादसा इतना भयानक था कि सोहन सिंह और उनके 7 वर्षीय बेटे को संभलने तक का मौका नहीं मिला। दोनों ने घटनास्थल पर ही दम तोड़ दिया। एक ही झटके में पिता और बेटे की मौत से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा। जिस घर में कुछ दिन बाद दिवाली की खुशियां मनाई जानी थीं, वहां अब चीख-पुकार और मातम का माहौल है।

रातभर लापता रही 10 साल की मासूम

इस हादसे के बाद एक और चिंता ने परिजनों की मुश्किलें बढ़ा दीं। दुर्घटना के बाद सोहन सिंह की 10 वर्षीय बेटी का कहीं पता नहीं चल रहा था। पिता और भाई की मौत के बीच मासूम बच्ची के लापता होने से परिवार की सांसें अटकी हुई थीं। रात का अंधेरा और दुर्गम पहाड़ी क्षेत्र होने के कारण उसकी तलाश करना भी बेहद चुनौतीपूर्ण था।

सूचना मिलते ही पुलिस टीम, परिजन और स्थानीय ग्रामीण मौके पर पहुंचे और खाई में उतरकर राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया। तलाशी के दौरान पिता और बेटे के शव बरामद कर लिए गए, लेकिन बच्ची का कोई सुराग नहीं मिला। रातभर आसपास के जंगलों और रास्तों में उसकी तलाश जारी रही।

ड्रोन से तलाश, दूसरे गांव के खेत में मिली बच्ची

सोमवार सुबह प्रशासन ने दोबारा व्यापक स्तर पर सर्च ऑपरेशन शुरू किया। एसडीएम जसपाल के नेतृत्व में प्रशासनिक टीम और स्थानीय ग्रामीणों ने बच्ची की तलाश की। इस अभियान में ड्रोन की भी मदद ली गई। काफी प्रयासों के बाद आखिरकार बच्ची पास के दूसरे गांव में एक खेत में सुरक्षित मिल गई।

बताया जा रहा है कि हादसे के बाद बच्ची रात के अंधेरे में घटनास्थल से अपने घर की ओर निकल पड़ी थी, लेकिन रास्ता भटकने के कारण दूसरे गांव पहुंच गई। बच्ची के सुरक्षित मिलने की खबर से परिजनों और ग्रामीणों ने राहत की सांस ली। हालांकि, पिता और भाई को खोने का दर्द इस परिवार के लिए जिंदगीभर का जख्म बन गया है।

पुलिस कर रही हादसे की जांच

बताया जा रहा है कि हादसा देर रात होने के कारण शुरुआत में किसी को कार के खाई में गिरने की जानकारी नहीं मिल पाई। रात करीब एक बजे पुलिस को दुर्घटना की सूचना मिली, जिसके बाद टीम मौके पर पहुंची और बचाव अभियान शुरू किया।

पुलिस ने दोनों मृतकों के शव कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिए हैं। वहीं, हादसे के वास्तविक कारणों का पता लगाने के लिए जांच की जा रही है।

दिवाली से ठीक पहले शिलाई में हुए इस दर्दनाक हादसे ने पूरे क्षेत्र को झकझोर कर रख दिया है। एक तरफ पिता और मासूम बेटे की एक साथ मौत, तो दूसरी तरफ इतनी छोटी उम्र में बच्ची के सिर से पिता का साया उठ जाना… इस घटना ने हर किसी की आंखें नम कर दी हैं।

Spread the love

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *